34 राज्यों में नशे के खिलाफ युवाओं की हुंकार, 1,469 जगहों पर जुटे 3.65 लाख से अधिक लोग

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  • Oct 12, 2026
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‘नशामुक्त युवा, विकसित भारत’ अभियान के तहत युवा संसद और मेलों का आयोजन; 4,552 गतिविधियों से दिया नशामुक्ति का संदेश
 

सांसद-विधायकों सहित जनप्रतिनिधियों ने लिया हिस्सा, नशे के खिलाफ जागरूकता के लिए जुटाए 4,568 नारे


नई दिल्ली, 12 अक्टूबर 2026। नशे के खिलाफ देशभर में युवाओं की भागीदारी बढ़ाने के लिए 34 राज्यों में एक व्यापक अभियान चलाया गया। मेरा युवा भारत ने ‘नशामुक्त युवा, विकसित भारत अभियान’ के तहत 10 अक्टूबर को देशभर में 1,469 स्थानों पर नेबरहुड यूथ पार्लियामेंट और युवा मेले आयोजित किए। 100 सप्ताह के इस अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रमों में 3.65 लाख से अधिक युवाओं और नागरिकों ने भाग लिया। इसका उद्देश्य युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने के साथ नशामुक्त समाज के निर्माण में उनकी सक्रिय भूमिका सुनिश्चित करना है।
युवा संसद में नशे की चुनौती पर चर्चा
ब्लॉक स्तर पर आयोजित नेबरहुड यूथ पार्लियामेंट में मादक पदार्थों के दुरुपयोग से जुड़ी चुनौतियों, जागरूकता को ठोस कार्रवाई में बदलने की रणनीतियों और बदलाव लाने वाली प्रेरक कहानियों पर चर्चा हुई। इन कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं को स्वस्थ और नशामुक्त समाज के पैरोकार बनने के लिए प्रेरित किया गया। अभियान का जोर जमीनी स्तर पर युवाओं की भागीदारी मजबूत करने और नशे की रोकथाम में उनकी नेतृत्व क्षमता विकसित करने पर रहा।
शपथ से नुक्कड़ नाटक तक, युवाओं ने चलाया जागरूकता अभियान
कार्यक्रमों में नशामुक्त युवा शपथ, नारा लेखन प्रतियोगिताएं, हस्ताक्षर अभियान, वाद-विवाद, नुक्कड़ नाटक और संवादात्मक चर्चाएं आयोजित की गईं। इन गतिविधियों के जरिए प्रतिभागियों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और मादक पदार्थों के सेवन की रोकथाम के महत्व को समाज तक पहुंचाने के लिए प्रोत्साहित किया गया।
आध्यात्मिक संगठनों से उद्योग संघों तक की भागीदारी
युवा मेलों के आयोजन में हार्टफुलनेस, प्रोजेक्ट पॉइंट, सीआईपीयू, एसोचैम, फिक्की और ब्रह्माकुमारीज सहित विभिन्न संगठनों, विश्वविद्यालय संघों और उद्योग संघों ने सहयोग किया। इस बहु-हितधारक भागीदारी से अभियान की पहुंच बढ़ाने और नशामुक्ति के संदेश को व्यापक स्तर पर प्रसारित करने में मदद मिली।
सांसद-विधायकों सहित छह जनप्रतिनिधि हुए शामिल
अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रमों में जनप्रतिनिधियों ने भी भागीदारी की। एक सांसद और पांच विधायकों सहित कुल छह जनप्रतिनिधि कार्यक्रमों में शामिल हुए। देशभर में कुल 4,552 गतिविधियां आयोजित की गईं और 4,568 नारे एकत्र किए गए। ये आंकड़े नशामुक्त भारत के संदेश को आगे बढ़ाने में युवाओं और नागरिकों की भागीदारी को दर्शाते हैं।
100 सप्ताह तक चलेगा सामूहिक प्रयास
100 सप्ताह के इस अभियान का उद्देश्य मादक पदार्थों के दुरुपयोग से निपटने के लिए देशव्यापी सामूहिक प्रयासों को बढ़ावा देना, सामुदायिक भागीदारी मजबूत करना और युवाओं की नेतृत्व क्षमता को सामने लाना है। मेरा युवा भारत के माध्यम से युवाओं को समाज में सकारात्मक बदलाव की जिम्मेदारी उठाने और ‘नशामुक्त युवा, विकसित भारत अभियान’ के लक्ष्य को साकार करने में सक्रिय योगदान देने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

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