केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह लखनऊ एवं देहरादून में NCB के नए जोनल कॉम्प्लेक्स की आधारशिला रखेंगे

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  • Sep 21, 2026
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नई दिल्ली, 21 सितंबर। देश में मादक पदार्थों की तस्करी और नशीली दवाओं के बढ़ते नेटवर्क पर प्रभावी कार्रवाई के लिए केंद्र और राज्यों की एजेंसियां साझा रणनीति तैयार करेंगी। राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के एंटी-नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) प्रमुखों का तीसरा राष्ट्रीय सम्मेलन 22 सितंबर को नई दिल्ली में आयोजित होगा। केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह सम्मेलन का उद्घाटन करेंगे।

दो दिवसीय सम्मेलन में ड्रग कार्टेल को तोड़ने से लेकर सिंथेटिक ड्रग्स, गुप्त प्रयोगशालाओं, अवैध खेती, डार्कनेट और क्रिप्टो आधारित जांच तक मादक पदार्थ नियंत्रण से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर मंथन होगा। सम्मेलन के दौरान शाह लखनऊ और देहरादून में नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) के नए जोनल कॉम्प्लेक्स की आधारशिला रखेंगे।

नशा-मुक्त भारत के लिए केंद्र-राज्य समन्वय

सम्मेलन में 36 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के एएनटीएफ प्रमुखों के अलावा संबंधित सरकारी विभागों और अन्य हितधारकों के प्रतिनिधि शामिल होंगे। इसकी थीम ‘सामूहिक संकल्प, साझा दायित्व’ रखी गई है।

सम्मेलन का प्रमुख फोकस नारकोटिक्स नियंत्रण के लिए जारी विजन डॉक्यूमेंट 2026-29 में राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों के एएनटीएफ के लिए निर्धारित लक्ष्यों की प्रगति की समीक्षा तथा आगे की रणनीति तैयार करना है। आपूर्ति में कमी, मांग में कमी और नुकसान कम करने से जुड़े उपायों को अधिक प्रभावी बनाने पर भी चर्चा होगी।

चार रणनीतिक स्तंभों पर आठ तकनीकी सत्र

विजन डॉक्यूमेंट के चार प्रमुख रणनीतिक स्तंभों—प्रवर्तन, आसूचना एवं ऑपरेशन; प्रीकर्सर एवं सिंथेटिक ड्रग्स नियंत्रण; मांग में कमी एवं हार्म रिडक्शन; तथा क्षमता निर्माण एवं समन्वय—के आधार पर आठ तकनीकी सत्र आयोजित किए जाएंगे।

इन सत्रों में संस्थागत तंत्र, ड्रग नेटवर्क और कार्टेल को तोड़ने, मांग में कमी, रोकथाम एवं पुनर्वास, प्रवर्तन की प्रभावशीलता, प्रीकर्सर और सिंथेटिक ड्रग्स, गुप्त प्रयोगशालाओं, अवैध खेती के विनाश एवं वैकल्पिक फसल, तथा डार्कनेट और क्रिप्टो जांच जैसे विषय शामिल हैं।

जागरूकता अभियान से लेकर नई एनसीबी वेबसाइट तक

सम्मेलन के दौरान मादक पदार्थों के खिलाफ जागरूकता फैलाने वाला टेलीविजन कमर्शियल (TVC) भी जारी किया जाएगा। राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले एएनटीएफ को सम्मानित किया जाएगा। इसके साथ ही एनसीबी की नए स्वरूप में तैयार वेबसाइट का शुभारंभ भी होगा।

तीन साल की साझा रणनीति पर जोर

सम्मेलन का उद्देश्य केंद्र, राज्यों और विभिन्न एजेंसियों के बीच ‘Whole of Government Approach’ के तहत समन्वय को मजबूत करना है। अगले तीन वर्षों में मादक पदार्थों की तस्करी और दुरुपयोग से निपटने के लिए प्रवर्तन, खुफिया जानकारी साझा करने, तकनीकी क्षमता और अंतर-एजेंसी सहयोग को मजबूत करने पर जोर रहेगा।

सम्मेलन में होने वाले विचार-विमर्श से मादक पदार्थ नियंत्रण संबंधी कानूनों के प्रभावी प्रवर्तन तथा युवाओं को नशे के दुष्प्रभाव से दूर रखने के लिए चल रही रणनीतियों को और मजबूत करने का लक्ष्य है। यह आयोजन एनसीबी तथा राज्यों-केंद्रशासित प्रदेशों के एएनटीएफ के बीच दीर्घकालिक समन्वय और साझी कार्रवाई के लिए मंच उपलब्ध कराएगा।

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